[1]
सुभाष बाबू, ऋषि राज, रूचिका चौधरी, सुदेश, संजय सिंह राठौर, and सी.एच. श्रीनिवासराव, “फसल विविधीकरण में तिलहनी फसलों की भूमिका”, खेती, vol. 78, no. 8, pp. 18–21, Mar. 2026, Accessed: Oct. 20, 2026. Available: https://epatrika.icar.org.in/index.php/kheti/article/view/1679