कृषि नवाचार से पोषण क्रांति की ओर

8 / 9

लेखक

  • सुनीता अरोड़ा संपादक, भाकृअनुप-कृज्ञाप्रनि, नई दिल्ली-10012

सार

विश्व खाद्य दिवस 2026 का विषय Innovate Today, Nourish Tomorrow (आज नवाचार, कल पोषण) यह बताता है कि आने वाली पीढ़ियों के लिए पर्याप्त, सुरक्षित, पौष्टिक और टिकाऊ आहार सुनिश्चित करने के लिए आज की आवश्यकता है नवाचारों को अपनाना। आहार केवल भूख मिटाने के लिए नहीं है बल्कि स्वास्थ्य, उत्पादकता, आर्थिक विकास और सामाजिक कल्याण की आधारशिला भी है। इसलिए भविष्य की खाद्य सुरक्षा का रास्ता खेत से लेकर थाली तक होने वाले निरंतर नवाचारों से होकर गुजरता है। आज दुनिया अनेक चुनौतियों का सामना कर रही है। इनमें बढ़ती आबादी, जलवायु परिवर्तन, जल संसाधनों पर दबाव, मृदा की घटती गुणवत्ता, प्राकृतिक संसाधनों का क्षरण और खाद्य उत्पादों का अपव्यय जैसी समस्याएं खाद्य एवं पोषण को प्रभावित कर रही हैं। आज आवश्यकता ऐसी खाद्य  प्रणाली की है, जो अधिक उत्पादन के साथ बेहतर पोषण, संसाधनों का संरक्षण और किसानों की आय सुनिश्चित करें।

##plugins.themes.default.displayStats.downloads##

##plugins.themes.default.displayStats.noStats##

##submission.downloads##

प्रकाशित

2026-10-15