आलोक कुमार सिंह इत्यादि (2024) “पोषण से भरपूर श्रीअन्न”, खेती, 77(1), पृ. 6–7. पर उपलब्ध: https://epatrika.icar.org.in/index.php/kheti/article/view/1129 (अंतिम उपयोग: 20 अक्टूबर 2026).